जोड़ेश्वर महादेव, गाँव साई, नम्होल, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश

व्यासपीठ राजघाट, नम्होल से सिकरोहा की ओर जाते हुए लगभग 1 किलोमीटर आगे पांडव मंदिर स्थित है। पांडव मंदिर से लगभग 2 किलोमीटर आगे प्रकृति की गोद में बसा जोड़ नामक स्थान आता है। यहाँ भगवान शिव की सुंदर प्रतिमा और नंदी सहित शिवलिंग स्थापित है। भगवान शिव यहाँ जोड़ेश्वर महादेव के नाम से पूजे जाते हैं।

इस शिवधाम के समीप मुक्तिधाम अर्थात् श्मशान घाट भी स्थित है। भगवान शिव की वर्तमान प्रतिमा स्थानीय लोगों द्वारा 30 अप्रैल 2010 को स्थापित की गई थी। प्रतिमा के नीचे एक छोटी प्राकृतिक गुफा है, जहाँ लोग बैठकर तपस्या और ध्यान कर सकते हैं। गुफा के मुख पर भगवान शेषनाग के स्वरूप का निर्माण भी किया गया है।

यहाँ स्थित श्मशान घाट पहले किसी अन्य स्थान पर था। इस स्थान से कुछ नीचे आली खड्ड बहती है और उसके मुहाने के समीप पहले श्मशान घाट स्थित था। वहाँ से लोगों को पीने के पानी की आपूर्ति होती थी और उसके पास ही एक पाठशाला भी थी। इन्हीं कारणों को ध्यान में रखते हुए श्मशान घाट को वहाँ से स्थानांतरित कर वर्तमान स्थान पर स्थापित किया गया। इसके बाद शासकीय सहायता से यहाँ एक सामुदायिक भवन का निर्माण भी किया गया।

स्थानीय जानकारी के अनुसार, इस स्थान पर लोग तांत्रिक पूजा के लिए भी आते हैं। जोड़ेश्वर महादेव से लगभग 3 किलोमीटर की दूरी पर प्रसिद्ध त्रिवेणी घाट स्थित है, जहाँ तीन जलधाराओं का संगम होता है।

संदर्भ

यह लेख नम्होल निवासी इंजी लेखराम कौंडल द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी पर आधारित है।